सुनील रामदास : व्यापार विरासत में नहीं मिला, पिता के संस्कार मिले
व्यापार से पहले संस्कार: पिता के आदर्शों पर खड़ा है एनआर परिवार
सुभाष त्रिपाठी: एक बेटे की शहादत, दूसरे की सेवा और पिता का अटूट गर्व
शहादत की विरासत: पिता की वर्दी, मां का संघर्ष और बेटे का संकल्प
जब मैं खुद ही बाप बना तो दर्द तुम्हारा जाना बापू : शशिमोहन सिंह